कोई रोको ना
दीवाने को
ए मन मचल रहा
कुछ गाने को
कोई रोको ना
दीवाने को
मन मचल रहा
कुछ गाने को
कोई रोको ना
ये भीगा भीगा मौसम
ये भीगी भीगी राहें
चले दो हमराही
बाहों में डाले बाहें
फूलों ने खिलके
कहा ये दिल से
है दिन सुहाना
मौसम सलोना
दामन से बाँध लो
प्यारा समां
कोई रोको ना
दीवाने को
मन मचल रहा
कुछ गाने को
कोई रोको ना
उमर के सफ़र में
जिसे जो यहाँ भाये
उसी के सपनों में
ये मन रंग जाये
रंगों में भीग के
रंगे रंगीला
गा ले तराना
जो ये रसीला
अलबेला गीत वो
भूले कहाँ
कोई रोको ना
दीवाने को
ए मन मचल रहा
कुछ गाने को
कोई रोको ना